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Chapter 99

इश्क़ या जुनून - Chapter 99

अंबिका थप्पड़ मार तो देती है लेकिन फिर रणधीर को गिरते देख तड़पकर उसे उठाने के लिए आगे बढ़ती है।

और यही गलती कर देती है...............

रणधीर के ऊपर इस वक्त सिर्फ नशा ही सवार नहीं था शक में भी अंधा हो चुका था.....!!

ऊपर से अंबिका का उस पर हाथ उठाना उसके दिल और दिमाग में जलती आग को भड़काने के लिए काफी था उस आग को और भी ज्यादा भड़का कर ज्वालामुखी बनाने के लिए रोजी तो थी ही तुरंत अंबिका से पहले भाग कर रोजी रणधीर को उठाते हुए बोलती है,,,,,,,,,,, आपको शर्म नहीं आती सर पर  हाथ उठाते हुए गलत खुद करती हैं और ऊपर से हाथ भी उठा रही है अरे सर की अच्छाई मानिए कि आपके चाल चलन को देखकर भी खामोश है वरना उनकी जगह कोई और होता तो जान ले लेता अब तक ऐसी चरित्र हीन औरत की........!! उनके प्यार और विश्वास का ये सिला दिया आपने.....??

अंबिका एक बार फिर गुस्से में आगे बढ़कर रोजी की गर्दन पकड़ती है और बोलती है,,,,,,, शट अप....!! एक और गलत अल्फ़ाज़ निकाला तो जान ले लूंगी तुम्हारी.....!! फिर उसे ज़ोर से धक्का देते हुए बोलती है,,,,,  ....!! फिलहाल मैं अपने पति से बात कर रही हूं.....!! अबकी बार अगर मुंह बीच में घुसाया तो .....!!

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