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Chapter 130

बेपनाह मोहब्बत - Chapter 129

आज कपूर मेंशन दुल्हन की तरह सजा हुआ था,,, गार्डन में तीन मंडप बने हुए थे जिन्हें बहुत ही खूबसूरती से सजाया गया था,,, वहीं घर के अन्दर सब इधर उधर भाग रहे थे,,, आज हमारे तीनों जोड़ों की शादी थी आज वो हमेशा के लिए एक दूसरे के होने वाले थे,,,

एक रुम में ब्यूटीशियन प्रियंका, सानिया और निधि को तैयार कर रही थी,,, वहीं दूसरे रुम में तीनों लड़के तैयार हो रहे थे,,, जयराज जी और अतुल जी तैयार होकर मेहमानों का स्वागत कर रहे थे वहीं सोनिया जी पंडित जी को सारी सामग्री देख रही थी जो पूजा में लगने वाली थी,,, वही हमारी मेन जोड़ी मतलब कि हमारे आदिश (अद्विक+ईशा) वो कहीं नजर नहीं आ रहे थे,,,

वहीं आदिश के रुम में,,,

अद्विक और ईशा इस समय बाथरूम में थे ,,, अद्विक ईशा को नहला रहा था,, ईशा का आंठवा महीना चल रहा था जिससे उसे अब उठने बैठने में बहुत परेशानी होती थी इसलिए उसके सभी काम अद्विक ही करता था,,,

अद्विक ईशा को शावर दे रहा था वहीं हमारी ईशा अपनी नजरें झुकाए बैठी शर्मा रही थी,, उसका पूरा चेहरा शर्म से लाल था ,, उसे ऐसे शर्माते देख अद्विक मुस्कुरा दिया और उसके बदन को टॉवेल से साफ करते हुए बोला

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