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Chapter 92

सफेद इश्क ❤️❤️ - Chapter 92

आस्था ने कुछ नहीं कहा बस हाँ में गर्दन हिलाई दी ,, कुछ देर बाद पूजा  का मुहूर्त हुआ तो दोनों ने मिल कर पूजा की और फिर आस्था की गोद भराई की रसम हुई ,, यह सब करते करते शाम हो गई ,, ज्यादातर मेहमान चले गए थे ,, लक्ष्य भी मोहन जी और मानसी के साथ चला गया ,, शिवांश की भी अगले दिन जरूरी मीटिंग थी और कुछ और भी काम थे इसलिए वो भी रूद्र को आस्था का  ध्यान रखने का बोल चले गए ,, अंजना जी तो आस्था को अपने साथ लेकर जाना चाहती थी ,, क्यूंकि उन में रिवाज था के बेटी की पहली डिलीवर मायके में ही होती है पर रूद्र नहीं माना ,, अब भाई बन्दा अपनी बीवी के बिना नहीं रह सकता और अभी तो डिलीवरी में एक महीना बाकि था तो इतने दिन वो कैसे अपनी जान से दूर रहता इसलिए उसने साफ़ मना कर दिया उसे भेजने के लिए ,, आस्था भी रूद्र से दूर नहीं जाना चाहती थी ,, वैसे  उसकी कुछ पर्सनल प्रोब्लेम्स थी जो सिर्फ वो रूद्र को ही बता सकती थी ,, और रूद्र उसे सम्भाल भी लेता था ,,  इसलिए भी रूद्र उसे खुद से दूर नहीं जाने देना चाहता था ,, खैर सब लोग चले गए , अब बस घर के लोग ही बचे थे ,, सबने खाना खाया और अपने अपने रूम में चले गए रूद्र भी आस्था को रूम में ले गया क्यूंकि सुबह से वो बैठी हुई थी ,, अब उसे आराम की जरूरत थी ,, 

रूद्र आस्था को लेकर रूम में आया और उसकी चेंज करने में हेल्प की ,, आस्था सच में बहुत ज्यादा थक गई थी ,, उसके पैर भी सूज गए थे ,, रूद्र ने यह देखा तो जल्दी से सर्वेंट को बोल तेल गर्म कर मंगवा लिया और उसे बीएड पर लेता उसके पैरों की मालिश करने लगा ,,आस्था को सुकून सा मिल गया ,, कुछ देर में ही वो सो गई ,, वही दूसरी तरफ लक्ष्य मानसी और मोहन जी के साथ इंदौर अपने घर पोहंचा ,, वो एक कमरे में गया  जहाँ आरती जी बेड पर लेटी हुई थी और एक मशीन उनसे अटेच थी ,, एक नर्स उसके पास ही बैठी हुई थी ,,  लक्ष्य को देख वो नर्स उठकर बाहर चाय गई और लक्ष्य जाकर उनके पास बैठ गया  और उस दिन को याद करने लगा जब रूद्र ने उसे फ़ोन कर मुंबई बुलाया था ,, 

चार महीने पहले ,, 

आरती जी और रीना को देखने के बाद आस्था थोडा परेशान रहने लगी थी ,, जिस वजह से उसकी तबियत खराब हो रही थी ,, रूद्र कही न कही इसकी वजह समझ गया था ,, इसलिए उसका मूड ठीक करने के लिए उसने उसे कही बाहर घुमाने का सोचा ,, ज्यादा ट्रेवल तो आस्था नहीं कर सकती थी इसलिए वो उसे अपे फार्म हाउस लेकर जा रहा था जो शेहर के बाहर की तरफ था ,,

रूद्र :- जान कितना टाइम लगेगा ,, प्लीज जल्दी आईये ,, 

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