सफेद इश्क ❤️❤️ - Chapter 63
दादी और चाची के जाने के बाद आस्था अपने रुम में आ गई,, रुद्र स्टडी रूम में था ,, वो रुम में आई और बाथरूम में चली गई फ्रेश होने के बाद वो रुम में आई तो देखा कि रुद्र अभी भी कमरे में नहीं आया था,, आस्था ने कुछ सोचा और फिर अपने कमरे से बाहर निकल नीचे किचन में चली गई,, उसने रुद्र के लिए कॉफी बनाई और लेकर उसके स्टडी रूम की तरफ बढ़ गई,,,
रुद्र जिसने अभी अभी एक ऑनलाइन मीटिंग खत्म की थी वो आंखें बंद किए अपना सिर सीट से टिका कर बैठा था ,, वो अपनी दादी की बात के बारे में सोच रहा था,, पर वो आस्था पर कोई मुसीबत नहीं चाहता था और अभी तो वो उसके बच्चे की मां बनने वाली थी ऐसे में वो उसे लेकर कैसे उस घर में जा सकता था यहां पर हर वक्त उसी पत्नी और उसके बच्चे की जान को खतरा था, पर उसे पता था कि दादी की बात भी सच थी उसके ऑफिस जाने के बाद आस्था घर में बिल्कुल अकेली रह जाती थी,, हां सर्वेंट थे उसकी मदद के लिए पर इस समय में कोई ऐसा चाहिए जो हमेशा उसके पास रहे ,, और आस्था भी तो चाहती थी कि वो सिंह मेंशन जाकर दादी और चाची के पास रहे भले ही उसने कुछ कहा नहीं था पर उसकी वो उम्मीद भरी नजरें जब दादी ने उससे सिंह मेंशन जाने की बात कही थी वो रुद्र ने देख ली थी, ,,
पर वो ऐसा नहीं कर सकता था वो जानबूझकर आस्था और अपने बच्चे की जान मुसीबत में नहीं डाल सकता था,,, वो यही सब सोच रहा था जब दरवाजा नोक होने की आवाज आई,, रुद्र अपनी सोच से बाहर आया और उसने आंखें खोली और सही से बैठते हुए कम इन कहा,,
तभी दरवाजा खुला और आस्था अन्दर आई जिसके हाथों में ट्रे थी,, रुद्र ने उसे देखा तो जल्दी से उठकर उसके पास गया और उसके हाथों से ट्रे लेकर टेबल पर रखते हुए बोला
रुद्र:- जान आप यह क्यों लेकर आई किसी सर्वेंट को बोल सकती थी,, आपको पता है ना डाक्टर ने क्या कहा है,, आपको अभी आराम की जरूरत है,,
Unlock this chapter with 5 diamonds to continue reading.