Welcome back, Story Creator!

Keep writing amazing stories. Your readers are waiting, Creator.

Continue Listening
Chapter 9

Wife With Benefits - Chapter 9

मैं कमरे में आई तो वह बिस्तर पर बैठा था। वह भी अपने सर को नीचे रखकर। मैं उसके पास आई और उसके पास बैठकर कहा , “फिक्र मत करो, सब ठीक हो जाएगा। ”

उसने मेरी तरफ देखा और बुरी तरह से चिल्लाते हुए कहा , “कुछ भी ठीक नहीं होगा...” यह कहकर वह दोबारा उठा और चला गया।

मैंने इस बार उसके पीछे जाने की कोशिश नहीं की। रात को हम दोनों एक ही बेड पर थे, मगर एक दूसरे के करीब नहीं आए। ना हीं हमने कोशिश की। यह सिलसिला अगले 7 दिनों तक ऐसे ही चला और इन 7 दिनों में हमारे बीच में ज्यादा बातचीत भी नहीं हुई। वह परेशान सा रहता था। बीच में मैं ऑफिस भी चला गया था। मैं उसका हाल-चाल पूछती थी तो वह बस इतना ही कहता था कि मैं ठीक हूं।

7 दिनों के बाद वह दिन आ गया था जिसका इंतजार मुझे था या नहीं, मैं नहीं जानती। मगर मेरे पति को जरूर था। उसकी गर्लफ्रेंड आ गई थी और वह उसे एयरपोर्ट पर लेने गया था। उसे यह बात नहीं पता थी। मैं भी उसके पीछे गई थी। पता नहीं क्यों मगर मैं चली गई थी।

जब उसकी गर्लफ्रेंड एयरपोर्ट से बाहर निकली तब उसके चेहरे पर निराशा दिखाई दे रही थी। वह बेहद ही खूबसूरत थी। मैं गलत थी। मुझे लगता था, मुझसे ज्यादा खूबसूरत कोई नहीं है लेकिन ऐसा नहीं था। मेरे पति की यह गर्लफ्रेंड मेरे इस अहंकार को तोड़ रही थी। आयरा के लंबे लहराते काले बाल एक ढीली पोनीटेल के साथ बंधे हुए थे। कुछ बाल बिखरे हुए थे, मगर वो भी काफी अच्छे लग रहे थे। उसका फिगर मुझसे भी अच्छा था और वह वेट में भी मुझसे चार-पांच किलो ज्यादा होगी। उसकी हर चीज मुझसे बड़ी थी।

This chapter is locked

Unlock this chapter with 5 diamonds to continue reading.

Your balance: 0 diamonds
Buy Diamonds
9 / 49
Storymania AI Ready with page context
Context Open the assistant from any page to use that page as context.
AI

Tell me what you are writing. I can help with ideas, outlines, grammar, plot, pacing, and summaries.