Welcome back, Story Creator!

Keep writing amazing stories. Your readers are waiting, Creator.

Chapter 84

My Toxic Husband - Chapter 84

"पार्थ, guns का सारा काम हुआ क्या, और राजनंदिनी कहाँ है?"

"यही है," उसने देखकर कहा, "एक आदमी को पीट रही है, उसने guns में से तीन गन अपने पास रख ली थीं।"

"ओके... उसे बोलो कि जल्दी निकले वहाँ से, किसी को भनक भी लगी तो गड़बड़ हो सकता है।"

"हाँ, हम लोग निकल रहे हैं," वह कहता है।

इसके बाद उधर से कॉल कट हो जाती है और इधर से अरमान, हाँ वही है जो बालकनी में खड़ा था, वही रेलिंग से टिक जाता है और निहारने लगता है आसमान को जो बादल से घिरा हुआ था क्योंकि कुछ समय पहले ही बारिश हो रही थी पर अब बंद है तो मौसम भी बड़ा अच्छा सा हो गया है और इसी वजह से उसने राजनंदिनी को भी कॉल किया था कि पूछ ले कि वो ठीक है या नहीं। भले ही कल के लिए नाराज़ है पर बहन है वो उसकी, उसे कैसे छोड़ सकता है, तो बस जब उसने फोन नहीं उठाया तब पार्थ को कॉल करके पूछने लगा था एंड सब ठीक है तो बस वो अब कॉल कट करके...बस वही बालकनी से निहारने लगता है।

This chapter is locked

Unlock this chapter with 5 diamonds to continue reading.

Your balance: 0 diamonds
Buy Diamonds
84 / 136
Storymania AI Ready with page context
Context Open the assistant from any page to use that page as context.
AI

Tell me what you are writing. I can help with ideas, outlines, grammar, plot, pacing, and summaries.