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Chapter 81

His scarred beauty - Chapter 81

पिछली रात जब तारा बुखार उतरने के बाद ...... प्रोफ़ेसर युवराज से लिपटकर सोई हुई थी । तभी कनक कुछ समय बाद जगने के तुरंत ही तेजी से कमरे से बाहर निकल गई थी । क्योंकि जब वो उठी तो युवराज वही सोफे पर सोए हुए थे तारा को लिए तो बस वो डर ही गई उन्हे भी उसी रूम में देख और  इसीलिए निकल गई वहां से और देर रात ही वापस आ गई अपने मैंशन। लेकिन आज अगली सुबह कुछ अलग है क्योंकी फाइनली ♥️दो हफ्ते बाद बेबी तारा .....अपनी मम्मा के पास है और वजह ये की प्रोफ़ेसर युवराज को ... किसी काम से बाहर जाना है और तारा को नहीं ले जा सकते है । इसीलिए न चाहते हुए भी अभी वो तारा को छोड़कर गए है और घर पर सिवाय कनक के है भी नही क्योंकि वो दोनो तो कंपनी गए हैं तो बस इसीलिए अभी कनक.... बेबी तारा को अपने पास पाकर उसे सोफे पर लिए लेट गई " जैसे ही युवराज गया " और अभी वो उससे कहती है।

" उफ्फ..... हमारी तारा इतनी नॉटी क्यों है "?"😘

" मां...... ता..... ना ( खाना ) "वो मुंह खोल खाना मांगने लगती है।

" ओह तो हमारी बेबी को भूख लगी है .....( सोफे से उठकर ) चलिए फिर पहले आपका पेट भरते है , तब मम्मा बेबी बात करेंगी "।"

और फिर ये कहकर कनक अपनी जगह से उठ जाती तारा को लिए हुए और आ जाती है सीधे ही किचन में । यहां वो फिर तारा को कांउटर पर बिठाए हुए उसके लिए .... बाउल में दाल निकाल लेती है ( जो गर्म था ) और रोटियां तोड़कर उसमें डालते हुए .....बिलकुल ही ( मेशड)कर देती है और फिर से उसे लिए हुए हॉल में आकर कहती है।

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