Welcome back, Story Creator!

Keep writing amazing stories. Your readers are waiting, Creator.

Chapter 61

The CEO'S Contract Wife - Chapter 61

विक्रम :- वादा करता हूँ बहुत जल्द अपनी फीलिंग्स को समझूंगा ,, अगर मेरे मन में भी आपके लिए प्यार है तो आई प्रॉमिस आपको बहुत सारा प्यार दूंगा ,, पर अगर मेरे मन में आपके लिए प्यार नहीं है ,, ( फिर कुछ देर रुक कर ) तो मैं अपने मन में आपके लिए प्यार जगाऊंगा ,, वैसे भी आप कितनी प्यारी  है मुझे भी आपसे प्यार हो ही जायेगा ,, आदत हो आपकी हो ही गयी है ,, 

यह बोल उसने प्यार से उसके माथे को चूमा और फिर वहां से पाने रूम के लिए चला गया ,, 

 

मिशा येही सब सोच रही थी ,,उसकी आँखों में एक अलग ही चमक थी ,, पर तभी उसकी आँखों की चमक जाती रही और चेहरा भी उदास हो गया जब उसने अंकिता का देखा जो सीधा विक्रम के पास जाकर उसके सीने से लग गयी थी ,, विक्रम जिसका ध्यान खुद मिशा पर था , अंकिता के यूँ गले लगने से हैरान रह गया ,, उसने अपने सीने से लगी अंकिता की तरफ एक नजर देखा और फिर मिशा की तरफ जिसका चेहरा उदास हो गया था  उसने जल्दी से अंकिता को खुद से अलग किया और उसे देखते हुए अपनी सख्त आवाज में बोला 

विक्रम :- यह क्या बदतमीजी है अंकिता ,, कितना बार कहा है मुझसे दूर रहा करो , 

This chapter is locked

Unlock this chapter with 5 diamonds to continue reading.

Your balance: 0 diamonds
Buy Diamonds
61 / 65
Storymania AI Ready with page context
Context Open the assistant from any page to use that page as context.
AI

Tell me what you are writing. I can help with ideas, outlines, grammar, plot, pacing, and summaries.