Chapter 389
अगर सरिता नहीं होगी तो क्या घर का कोई काम नहीं होगा?
Preview mode only. Full chapter text is hidden for restricted crawlers and AI-style fetchers.
सुलोचना देवी ने कभी भी सरिता को किसी भी त्योहार पर या कभी भी कोई नए कपड़े नहीं दिए हैं। वो तो दाई माँ ही उसके लिए कभी-कभी चोरी-छुपे कोई नई साड़ी लेकर आती हैं, पर वो भी तो सस्ती सी