Chapter 219
Destined to be mine - Chapter 219
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ऐसे ही दिन गुज़रते रहे। एक हफ़्ता बीत गया, पर उनके बीच कुछ नहीं बदला। आध्या कोशिश तो कर रही थी, पर अद्वय की बेरुखी वक़्त के साथ बढ़ती जा रही थी। मिष्टि के साथ वह बहुत अच्छे से रहता