Chapter 37
तू जख्म तू ही मरहम - Chapter 37
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अंश की आवाज से पंछी अपने होश में आई, और उसके तरफ देखने लगी जहां अभी कुछ सेकंड पहले यह सब देखकर पंछी के चेहरे पर चमक आ गई थी। वहीं अंश की बातें सुनकर एक बार फिर से उसका चेहरा उतर गय