Chapter 192
मैं मरकर भी आपकी बन जाऊंगी,और आप जीते जी किसी और के नहीं बन पाएंगे!"
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इश्क़ी अभी भी अपना डब्बा लिए खड़ी थी और आतिश गुस्से में इधर-उधर घूम रहा था। इश्क़ी ने एक नजर आतिश को देखा और उसके गुस्से को पूरी तरह नजरअंदाज करते हुए मुस्कुराकर राजवीर और तेजस की तरफ