Chapter 189
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आगे , अगली सुबह माधव अपनी बाहों में सोई हुई श्रीदा को देख रहा था ! माधव श्रीदा के चेहरे पर आए बालो को वो अपने हाथों से हटाते हुए उसके माथे को चूम लिया ! फिर शिद्दत भरी नजरों से उसे