Chapter 38
Chahat - Chapter 38
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वह कहते हैं ना, कुछ लोगों के नसीब में हँसना, खुश होना, किसी को रास नहीं आता। वैसा ही कुछ इन दोनों की ज़िंदगी में भी होने वाला था। हँसती-मुस्कुराती बेला, जिसे कल की परवाह नहीं थी, ज