Romance Billionaire Romance
Ek Diwane Ki Deewaniyat
745
Views
0
Likes
58
Bookmarks
36
Ratings
रूद्राक्ष सिंह शेखावत, 28 साल का सख्त दिल इंसान... शेखावत ग्रुप का मालिक,
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की...
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की...
रूद्राक्ष सिंह शेखावत, 28 साल का सख्त दिल इंसान... शेखावत ग्रुप का मालिक,
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की,
जिसने कभी किसी का
सच्चा प्यार महसूस नहीं किया था।
एक कॉलेज इवेंट में
जब उसकी नज़र रूद्राक्ष से टकराई,
तो वो समझ ही नहीं पाई
कि उसकी ज़िंदगी अब उसकी अपनी नहीं रही।
रूद्राक्ष ने उसे सिर्फ चाहा नहीं, उसने उसे चुन लिया।
नौकरी के नाम पर,
सपनों के नाम पर,
उसकी माँ की खुशियों के नाम पर…
रूद्राक्ष ने मेहर को अपनी दुनिया में खींच लिया। जहाँ प्यार था… पर आज़ादी नहीं।
जहाँ हिफ़ाज़त थी… पर सुकून नहीं।
जहाँ इश्क़ था… पर उससे ज़्यादा
डर।
Ek Diwane Ki Deewaniyat
एक ऐसी प्रेम कहानी है
जहाँ मोहब्बत दिल से नहीं,
हक़ से की जाती है।
क्योंकि कुछ दीवाने
प्यार नहीं करते…
क़ब्ज़ा करते हैं। 🩸🖤
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की,
जिसने कभी किसी का
सच्चा प्यार महसूस नहीं किया था।
एक कॉलेज इवेंट में
जब उसकी नज़र रूद्राक्ष से टकराई,
तो वो समझ ही नहीं पाई
कि उसकी ज़िंदगी अब उसकी अपनी नहीं रही।
रूद्राक्ष ने उसे सिर्फ चाहा नहीं, उसने उसे चुन लिया।
नौकरी के नाम पर,
सपनों के नाम पर,
उसकी माँ की खुशियों के नाम पर…
रूद्राक्ष ने मेहर को अपनी दुनिया में खींच लिया। जहाँ प्यार था… पर आज़ादी नहीं।
जहाँ हिफ़ाज़त थी… पर सुकून नहीं।
जहाँ इश्क़ था… पर उससे ज़्यादा
डर।
Ek Diwane Ki Deewaniyat
एक ऐसी प्रेम कहानी है
जहाँ मोहब्बत दिल से नहीं,
हक़ से की जाती है।
क्योंकि कुछ दीवाने
प्यार नहीं करते…
क़ब्ज़ा करते हैं। 🩸🖤
Chapter
17
Words
20.8K
Updated
2 days ago
Published
Jan 11, 2026
Published Chapters
1
जहाँ किस्मतें पहली बार आमने-सामने आईं - Chapter 1
Free
2
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 2
Silent Claim
Free
3
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 3
बद्तर जिंदगी
Free
4
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 4
Free
5
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 5
Free
6
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 6
Premium
Mar 23, 2026
42
Locked
7
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 7
Premium
Mar 28, 2026
41
Locked
8
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 8
Premium
Mar 28, 2026
40
Locked
9
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 9
Premium
Apr 05, 2026
39
Locked
10
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 10
Premium
Apr 07, 2026
37
Locked
11
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 11
Premium
Apr 10, 2026
32
Locked
12
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 12
Premium
Apr 14, 2026
31
Locked
13
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 13
Premium
Apr 28, 2026
29
Locked
14
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 14
Premium
Apr 29, 2026
28
Locked
15
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 15
Premium
May 03, 2026
23
Locked
16
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 16
Premium
May 05, 2026
22
Locked
17
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17
Premium
May 05, 2026
24
Locked
रूद्राक्ष सिंह शेखावत, 28 साल का सख्त दिल इंसान... शेखावत ग्रुप का मालिक,
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की,
जिसने कभी किसी का
सच्चा प्यार महसूस नहीं किया था।
एक कॉलेज इवेंट में
जब उसकी नज़र रूद्राक्ष से टकराई,
तो वो समझ ही नहीं पाई
कि उसकी ज़िंदगी अब उसकी अपनी नहीं रही।
रूद्राक्ष ने उसे सिर्फ चाहा नहीं, उसने उसे चुन लिया।
नौकरी के नाम पर,
सपनों के नाम पर,
उसकी माँ की खुशियों के नाम पर…
रूद्राक्ष ने मेहर को अपनी दुनिया में खींच लिया। जहाँ प्यार था… पर आज़ादी नहीं।
जहाँ हिफ़ाज़त थी… पर सुकून नहीं।
जहाँ इश्क़ था… पर उससे ज़्यादा
डर।
Ek Diwane Ki Deewaniyat
एक ऐसी प्रेम कहानी है
जहाँ मोहब्बत दिल से नहीं,
हक़ से की जाती है।
क्योंकि कुछ दीवाने
प्यार नहीं करते…
क़ब्ज़ा करते हैं। 🩸🖤
जिसके नाम से शहर कांपता था, और पूरा माफिया जगत थरथराता है।
जिसने ज़िंदगी में सब कुछ जीता,
बस किसी का दिल नहीं।
और फिर आई — मेहर शर्मा।
इक्कीस साल की मासूम सी लड़की,
जिसने कभी किसी का
सच्चा प्यार महसूस नहीं किया था।
एक कॉलेज इवेंट में
जब उसकी नज़र रूद्राक्ष से टकराई,
तो वो समझ ही नहीं पाई
कि उसकी ज़िंदगी अब उसकी अपनी नहीं रही।
रूद्राक्ष ने उसे सिर्फ चाहा नहीं, उसने उसे चुन लिया।
नौकरी के नाम पर,
सपनों के नाम पर,
उसकी माँ की खुशियों के नाम पर…
रूद्राक्ष ने मेहर को अपनी दुनिया में खींच लिया। जहाँ प्यार था… पर आज़ादी नहीं।
जहाँ हिफ़ाज़त थी… पर सुकून नहीं।
जहाँ इश्क़ था… पर उससे ज़्यादा
डर।
Ek Diwane Ki Deewaniyat
एक ऐसी प्रेम कहानी है
जहाँ मोहब्बत दिल से नहीं,
हक़ से की जाती है।
क्योंकि कुछ दीवाने
प्यार नहीं करते…
क़ब्ज़ा करते हैं। 🩸🖤
Share your thoughts
Rate this story after reading a chapter.
★★★★★
Kavita Puranik
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17 • 28 days ago
shama gupta
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17 • 2 months ago
Radhika Kumeri
Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17 • 2 months ago
shama gupta
2 months ago
interesting
1 likes • Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17
Radhika Kumeri
2 months ago
jaldi upload kar
1 likes • Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17
Storymania AI
Ready with page context
Context
Open the assistant from any page to use that page as context.
next chapter dalo
0 likes • Ek Diwane Ki Deewaniyat - Chapter 17