Beneath the surface - Chapter 3
एक लड़की दौड़ते हुए भाग रही थी। वो अभी एक शादी के जोड़े में थी। उसके पीछे कोई आ तो नहीं रहा देखते हुए रुक गई और पीछे मुड़कर देखने लगी तो वे से कोई आता न देख भगवान से शुक्रिया अदा करते हुए बोली, "Thank you Bappa ji, आपके वजह से मै उस जल्लाद की चंगुल से बचा निकली। पूरे तीन दिन से उस जल्लाद के कब्ज़े में थी।"
इतने ही बोली थी कि उसके सामने एक BMW कार आ कर रुकी। एक शख्स बाहर निकल, उस शख्स को देख लड़की की शक्ल सफेद पड़ गई। वो लड़की अपने सलाइवा को गटकते हुए सामने आए जल्लाद को देख भागने के लिए जैसे ही मुड़ी थी कि तभी वो शख्स उस लड़की के हाथ को पकड़ cold voice me बोला, "बहुत हुआ लुक छुपी miss Dharika Nishad, अब नहीं।"
"दे...देखो आ...आप क्या बोला रहे है, हमे समझा नहीं आ रही है।" धारिका अपने हाथ को छुड़ाने की कोशिश करते हुए बोली।
"वही जो तुम सुन रही हो miss धारिका निषाद।" वंश ने एरोगेंट तरीके से बोला।
"आप कौन हो? और...और आप मेरी पीछे क्यों पड़े हो? पूरे तीन दिनो से आपने हमे कैद क्यों किए हो?" धारिका वंश से सवाल पूछते हुए बोली।
"तुम्हे पूछने का कोई हक़ नहीं है मिस धारिका निषाद।" वंश धारिका को घूरते हुए बोला।
वंश ने धारिका को अपने गोद में उठा कर BMW में बैठा दिया। धारिका अपने आप को छुड़ाने की कोशिश करते हुए बोली, "ये आप क्या बोल रहे है? छोड़ो मुझे, मै तो आप को जानती भी नहीं हु।"
वंश ने cold voice में बोला, "तो मत जानो मिस धारिका निषाद।" वंश ने ड्राइवर से बोला, "चलो यहाँ से।" "जी sir" ड्राइवर ने बोला। कुछ देर बाद में कार के पीछे बहुत सारी कार की काफिला एक पुराने से मंदिर के पास आ कर रुकी।
वंश धारिका को कार से खींचते हुए बाहर निकल बोला, "Let's go miss Dharika Nishad, आज हमारी शादी है, उसके बाद में तुम धारिका निषाद से धारिका वंश राय सिंघानिया बन जाओगी।"
"मै आप से शादी नहीं करूँगी mr वंश राय सिंघानिया, यही कुछ नाम है न आप का?" कहते हुए वंश को देखने लगी। आज पहली बार वंश को धारिका ने देखा था। उसकी ब्लैक eye, परफेक्ट फेस कट, पतले से होठ, उसके नीचे तिल, शार्प ज्वालाइन, 8 पैक, चौड़ा सीना, हाइट 6.4 इंच (not: mujhe ladko ke baare me jaad jankari nahi hai)
धारिका ध्यान से वंश को देख रही थी कि वंश की कड़कती हुई आवाज धारिका के कानों पर सुनाई दी, जो बोल रहा था कि, "तुम्हे पूरी जिंदगी मुझे देखनी है तो इतना मत देखो miss Dharika Nishad।" जिसे सुन धारिका ने नजरें फेर ली और बोली, "मै मर जाऊँगी पर आपके साथ शादी नहीं करूँगी।"
तिरछी मुस्कान देते हुए बोला, "चाहे तुम कितने भी कोशिश कर लो मरने की पर मर नहीं सकती। तुम मेरे यानी कि VRS के कैद में हो।" जैसे ही धारिका ने ये नाम सुनी, धारिका वंश को देखने लगी और उसे किसी की बताते याद आई तो जो बोला रहा था कि, "धारिका तुम VRS को अपने प्यार के जाल में फंसाओ पर याद रखना की वो प्यार पर भरोसा नहीं करता।"
धारिका को किसी सोच में डूबे हुए देखा, वंश ने बोला, "What happened? miss Dharika Nishad?"
"हाँ...हाँ कु...कुछ भी तो नहीं।" कहते हुए वो हड़बड़ा गई। फिर मन में एक बार फिर से नाम को दोहराते हुए बोली, "VRS का मतलब ये तो वही है।" कहते हुए धारिका रुक गई।